मकान में पकड़ी नकली घी बनाने की फैक्ट्री, सरस के रैपर, लेबल, पैकिंग सामग्री जब्त की
साकेत नगर थाना पुलिस ने शनिवार को जालिया रोड क्षेत्र में संचालित नकली घी की फैक्ट्री का पर्दाफाश किया है। पुलिस ने मौके से सरस ब्रांड के नकली रैपर, लेबल, पैकिंग सामग्री, मिक्सिंग उपकरण, बांट-माप के औजार और केमिकल एसेंस जब्त किए हैं। इस मामले में पुलिस ने एक आरोपी को गिरफ्तार कर उसके खिलाफ विभिन्न धाराओं में प्रकरण दर्ज किया है। थानाधिकारी जितेंद्र फौजदार को मुखबिर के जरिए सूचना मिली थी कि जालिया रोड स्थित एक मकान से संदिग्ध गतिविधियां संचालित हो रही हैं और वहां से बाजार में नकली घी की सप्लाई की जा रही है। सूचना की पुष्टि के लिए पुलिस ने सिविल ड्रेस में जवान तैनात किए। जांच में सामने आया कि मकान में न तो मवेशी थे और न ही दूध या डेयरी से जुड़ा कोई वैध स्टोरेज प्लांट मौजूद था। इसके बावजूद वहां से लगातार देशी घी के टीन सप्लाई किए जा रहे थे। पुष्टि होने पर पुलिस टीम ने दबिश दी, जहां नकली घी बनाने का पूरा सेटअप मिला। पुलिस की सूचना पर खाद्य सुरक्षा अधिकारी नारायण सिंह इंदा टीम के साथ मौके पर पहुंचे और सैंपल लेकर जांच के लिए प्रयोगशाला भेजे गए। साथ ही सरस डेयरी अजमेर के प्रतिनिधि दीपक खंडेलवाल ने जांच में स्पष्ट किया कि आरोपी न तो सरस डेयरी का अधिकृत डीलर है और न ही कर्मचारी। मौके पर मिले रैपर और लेबल भी नकली पाए गए। साकेत नगर थाना पुलिस ने आरोपी के खिलाफ खाद्य अपमिश्रण, धोखाधड़ी, कॉपीराइट व ट्रेडमार्क उल्लंघन सहित विभिन्न धाराओं में मामला दर्ज किया है। आगे की जांच पुलिस उप अधीक्षक राजेश कुमार कसाना को सौंपी गई है। पुलिस जांच कर रही है कि इस अवैध धंधे के पीछे कोई बड़ा नेटवर्क तो सक्रिय नहीं है। केमिकल एसेंस से बनाया घटिया तेल और डालडा घी, शादियों में खपा देते पुलिस जांच में खुलासा हुआ कि आरोपी घटिया तेल या डालडा घी में केमिकल एसेंस मिलाकर उसे शुद्ध देशी घी के रूप में तैयार करता था। यह नकली घी विशेष रूप से शादी-ब्याह और सामूहिक भोज जैसे आयोजनों में सप्लाई किया जाता था, ताकि उपयोग के बाद सबूत न मिल सके। पुलिस ने मौके से दो बोतल एसेंस जब्त की है। एक्सपर्ट के अनुसार, इन बोतलों की कुछ बूंदें ही एक टीन नकली घी बनाने के लिए पर्याप्त थीं और इनसे करीब पांच हजार लीटर नकली घी तैयार किया जा सकता था। पुलिस ने मौके से जितेंद्र जांगिड़ को गिरफ्तार किया है। प्रारंभिक पूछताछ में सामने आया कि आरोपी बेहद शातिर तरीके से काम करता था। वह पहले ऑर्डर लेता, फिर उसी दिन बाजार से सस्ता तेल या डालडा खरीदकर नकली घी तैयार करता और तुरंत सप्लाई कर देता था। आरोपी अपने पास कभी तैयार माल नहीं रखता था।