परिसंचरण तंत्र से बादलों का दबाव बढ़ा तो रात नौ बजे बाद झुंझुनूं, मंडावा व बिसाऊ में मावठ
मौसम विशेषज्ञ सुरेंद्र अहलावत ने बताया कि हरियाणा क्षेत्र में परिसंचरण तंत्र बनने के कारण उत्तरी पूर्वी राजस्थान के कुछ स्थानों पर बादलों की आवक बढ़ गई। इस परिसंचरण तंत्र का दबाव गुरुवार को भी बना रहेगा। जिससे बादलों की आवक ज्यादा होने से कुछ स्थानों पर हल्की बारिश हो सकती है। वातावरण में नमी बढ़ने व उत्तर से आने वाली सर्द हवा के कारण दो जनवरी से सुबह कोहरा छाने व शीतलहर चलने की संभावना है। जिससे दिन के साथ रात के तापमान में भी गिरावट दर्ज की जाएगी। झुंझुनूं | परिसंचरण तंत्र के दबाव से बुधवार को दिन में जहां बादलों की आवाजाही रही, वहीं रात नौ बजे के बाद जिला मुख्यालय सहित कुछ हिस्सों में हल्की से मध्यम दर्जे की बारिश हुई। मौसम में बदलाव से जिले में बादलों का दबाव बढ़ गया। हवा परिवर्तन होने से अधिकतम तापमान में 1.8 डिग्री की गिरावट हुई, वहीं न्यूनतम तापमान इतनी ही बढ़ोतरी दर्ज की गई। जिले में सुबह मौसम साफ रहा और हवा सर्द रही। दिन में धूप निकली, लेकिन बादलों की आवाजाही बढ़ने से हवा सर्द बनी रही। बादलों का दबाव बढ़ने से रात नौ बजे के बाद झुंझुनूं शहर के साथ बिसाऊ, मंडावा व आस-पास के ग्रामीण क्षेत्रों में बिजली की गड़गड़ाहट के साथ हल्की से मध्यम दर्जे की बारिश देर रात तक रूक-रूक कर जारी रही। जिससे सर्दी का असर बढ़ गया। पिलानी मौसम केंद्र पर बुधवार को अधिकतम तापमान 25.7 डिग्री व न्यूनतम तापमान 8.8 डिग्री दर्ज किया गया। इससे पहले यहां मंगलवार को अधिकतम तापमान 27.5 डिग्री व न्यूनतम तापमान 7 डिग्री रहा था। बिसाऊ | बिसाऊ, निराधनू व कोदेसर में बुधवार रात को गर्जना के साथ बरसात हुई। क्षेत्र में मावठ की पहली बारिश होने से किसानों में खुशी की लहर है। रात 9 बजे तेज गर्जना के साथ बारिश शुरू हुई। किसानों का कहना है कि रबी फसलों के लिए मावठ फायदेमंद है। यह बारिश फसलों के लिए अमृत का काम करेगी।
मौसम विशेषज्ञ सुरेंद्र अहलावत ने बताया कि हरियाणा क्षेत्र में परिसंचरण तंत्र बनने के कारण उत्तरी पूर्वी राजस्थान के कुछ स्थानों पर बादलों की आवक बढ़ गई। इस परिसंचरण तंत्र का दबाव गुरुवार को भी बना रहेगा। जिससे बादलों की आवक ज्यादा होने से कुछ स्थानों