मनरेगा में बदलाव के खिलाफ कांग्रेस ने दिया धरना:वक्ता बोले-राज्यों पर बढ़ेगा आर्थिक बोझ, योजना का बंद होना तय
जोधपुर शहर और देहात जिला कांग्रेस कमेटी द्वारा आ मनरेगा और इंदिरा गाँधी शहरी रोजगार गारंटी योजना बचाओ अभियान के तहत जोधपुर के राजीव गांधी चौराहा नई सड़क पर शांतिपूर्वक उपवास और धरना दिया गया । इसमें बड़ी संख्या में जोधपुर शहर और देहात जिला कांग्रेस कमेटी के वरिष्ठ कांग्रेस जन और कार्यकर्ता शामिल हुए। जोधपुर शहर जिला कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष ओंमकार वर्मा ने बताया कि राजस्थान प्रदेश कांग्रेस कमेटी के आदेशानुसार आज एक दिन का शांतिपूर्वक उपवास और धरना दिया गया। धरने में पूर्व राज्य मंत्री राजेंद्र सिंह सोलंकी ने कहा कि केंद्र की भारतीय जनता पार्टी की सरकार ने मनरेगा में जिस प्रकार से बदलाव किए हैं। वह आने वाले समय में इस योजना को पूरी तरीके से बंद करने के लिए पर्याप्त होंगे। केंद्र सरकार ने 60 /40 का योगदान रखकर राज्य सरकारों पर जिस प्रकार से बजट का बंटवारा किया, उससे भारत के ऐसे कई राज्य होंगे जहां पर इस महत्वाकांक्षी योजना का पूर्ण रूप से बंद होना निश्चित है। पूर्व महापौर कुंती देवड़ा ने कहा कि यह योजना ग्रामीण क्षेत्रों में एक वरदान के रूप में कार्य कर रही थी और ग्रामीण क्षेत्र में रहने वाले पुरुष और महिलाओं के लिए रोजगार का एक उचित अवसर था। ग्रामीण क्षेत्र के लिए कुठाराघात पूर्व विधायक महेंद्र बिश्नोई ने कहा की पूर्व कांग्रेस की सरकार ने सब चीजों को ध्यान में रखकर इस पर कार्य किया था और यह योजना गांव में पूरी तरीके से सफलता के साथ चल रही थी लेकिन इस योजना को इसलिए बंद करने की साजिश केंद्र सरकार ने की क्योंकि इसके साथ राष्ट्रपिता महात्मा गांधी का नाम जुड़ा हुआ है लेकिन नाम हटाने के साथ-साथ उनकी मंशा स्पष्ट रूप से दिख रही है कि वह इस योजना को पूरी तरीके से बंद करके ही दम लेंगे और ग्रामीण क्षेत्र में रहने वाले लोगों के रोजगार और उनके परिवार के भरण पोषण के साधन पर कुठाराघात करेंगे। मुख्यमंत्री शहरी रोजगार गारंटी योजना भी बंद जोधपुर शहर की पूर्व विधायक मनीषा पवार ने कहा कि इंदिरा गांधी शहरी रोजगार गारंटी योजना के बारे में बताते हुए कहा कि यह पूर्व मुख्यमंत्री अशोक गहलोत द्वारा वर्ष 2022-23 में शुरू की गई थी जिसमें शहर में रहने वाले मजदूर वर्ग और गरीब वर्ग के लोगों के लिए एक वरदान के रूप में कार्य कर रही थी लेकिन इस योजना पर भी राज्य की भाजपा सरकार ने इस योजना का नाम बदलकर मुख्यमंत्री शहरी रोजगार गारंटी योजना कर दिया और धीरे-धीरे इस योजना को भी उन्होंने इस लाभकारी योजना को भी बंद कर दिया।जोधपुर देहात जिला कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष और विधायक गीता बरवड ने कहा कि राजस्थान सरकार कि विभिन्न सरकारी योजनाओं के साथ इस प्रकार की कार्यवाही से उनकी मंशा पूरी तरह से स्पष्ट होती है कि वह आम गरीब किसान और मजदूर की परवाह नहीं करती है केवल पूंजीपतियों के बारे में ही सोचती है आम नागरिकों की समस्याओं से उन्हें किसी प्रकार का कोई लेना देना नहीं है सत्ता में आने के बाद में भारतीय जनता पार्टी इन सभी वर्गों को भूल जाती है और विकास जैसे अहम मुद्दों पर मौन धारण कर लेती है। ये रहे मौजूद जोधपुर शहर जिला कांग्रेस कमेटी के प्रवक्ता डॉक्टर संजय गौड़ ने बताया कि शांतिपूर्वक धरने में लोकसभा कांग्रेस प्रत्याशी करण सिंह उचियारड़ा, जोधपुर शहर जिला कांग्रेस कमेटी के पूर्व अध्यक्ष नरेश जोशी और सलीम खान, विधायक प्रत्याशी इंजीनियर शहजाद खान , राजस्थान प्रदेश कांग्रेस कमेटी के महासचिव श्रवण पटेल, पीसीसी सदस्य उमेद सिंह राठौड़, वरिष्ठ कांग्रेसी परशराम विश्नोई पूर्व नेता प्रतिपक्ष गणपत सिंह चौहान संगठन महासचिव कुश गहलोत, लियाकत अली रंगरेज रामनिवास गोदारा त्रिलोक मेहरा हरेंद्र सिंह राठौड़ भंवर लाल हटवाल डॉ हेम सिंह गहलोत ओबीसी प्रकोष्ठ के अध्यक्ष नरेंद्र शर्मा, एससी प्रकोष्ठ के अध्यक्ष डा.धनपत गुर्जर, कीर्ति भील अल्पसंख्यक प्रकोष्ठ के अध्यक्ष फिरोज फेम पर्यावरण प्रकोष्ठ के अध्यक्ष रामनिवास बुध नगर बलदेव बेनीवाल नरपत पन्नू राणा राम नैण देहात युवा कांग्रेस अध्यक्ष पुखराज देवराया डॉ राजू राम चौधरी वी पी सिंह कूड राजेश जाखड़ जेपी देवड़ा देहात महिला कांग्रेस की अध्यक्ष विजयलक्ष्मी पटेल पूर्व ब्लाक अध्यक्ष मंडोर गोपाराम मेघवाल कुंभाराम मेघवाल रुबीना खान डा राकेश चौधरी, बलदेव बेनीवाल, आदि कांग्रेस नेताओं ने संबोधित किया। धरने में अजीत पुरोहित राजेश रामदेव जगदीश सांखला प्रीतम शर्मा डॉ वीरेंद्र माथुर योगेश गहलोत किशन सेन नेमाराम बेरा ,चेतन ग्वाला, रिजवान राजा, विनोद जांगिड़, अकमुद्दीन खान ,सुरेश सागर ,मनीष आचार्य, कलीम खान जितेंद्र पालीवाल रामदयाल डूडी नरेश गौड मोहनलाल सांखला मनीष बिश्नोई आदि सहित बड़ी संख्या में जोधपुर शहर और देहात कांग्रेस पार्टी के कार्यकर्ता रहे।