जयपुर-मुंबई एअर इंडिया फ्लाइट का फ्यूल लीक हुआ:रनवे पर जाते वक्त पायलट को खराबी का सिग्नल मिला, यात्रियों को दूसरे प्लेन से भेजा गया
राजस्थान के जयपुर इंटरनेशनल एयरपोर्ट पर शनिवार शाम एक बड़ा हादसा टल गया। एअर इंडिया की फ्लाइट AI-622 में फ्यूल लीकेज की वजह से टेकऑफ रोक दिया गया। यह फ्लाइट शाम 7:55 बजे जयपुर से मुंबई के लिए रवाना होने वाली थी और एयरक्राफ्ट रनवे की ओर बढ़ रहा था। इसी दौरान तकनीकी सिस्टम में खराबी का अलर्ट मिला, इसके बाद पायलट और ग्राउंड स्टाफ ने तुरंत टेकऑफ रोक दिया। वहीं, सभी यात्रियों को विमान से सुरक्षित बाहर निकाला गया और उन्हें वापस टर्मिनल बिल्डिंग में ले जाया गया। अचानक हुई इस घटना से यात्रियों में कुछ समय के लिए अफरा-तफरी का माहौल बन गया, हालांकि किसी के घायल होने की सूचना नहीं है। एयरपोर्ट से जुड़े सूत्रों के मुताबिक जांच करने पर एयरक्राफ्ट के इंजन से फ्यूल लीकेज की पुष्टि हुई है। 3 घंटे 40 मिनट बाद दूसरे विमान से पैसेंजर्स को भेजा एअर इंडिया की ओर से पैसेंजर्स के लिए ऑप्शनल एयरक्राफ्ट उपलब्ध कराया। करीब 4 घंटे की देरी के बाद रात 11:35 बजे दूसरे एयरक्राफ्ट से सभी पैसेंजर्स को मुंबई के लिए रवाना किया गया। एअर इंडिया के साथ ही जयपुर एयरपोर्ट की तकनीकी टीम ने प्रभावित एयरक्राफ्ट की जांच शुरू कर दी है, और फ्यूल लीकेज के कारणों का पता लगाया जा रहा है। 2 महीने पहले वाराणसी में इंडिगो फ्यूल लीक हुआ, पायलट का मेडे कॉल इससे पहले 2 महीने 23 अक्टूबर को इंडिगो की फ्लाइट में फ्यूल लीक होने के चलते वाराणसी एयरपोर्ट पर आपातकालीन लैंडिंग कराई गई थी। जिस समय विमान का फ्यूल लीक होने लगा, विमान करीब 36000 फीट ऊंचाई पर उड़ रहा था। पायलट ने वाराणसी सीमा में घुसते ही ATC (एयर ट्रैफिक कंट्रोल) को मेडे मैसेज दिया और फिर लैंडिंग की । इसके बाद पायलट ने विमान को रनवे पर सुरक्षित उतार दिया। इमरजेंसी टीम को भेजकर सभी यात्रियों को विमान से सुरक्षित बाहर निकाल लिया गया। विमान में 166 यात्री सवार थे। पूरी खबर पढ़ें... ........................ यह खबर भी पढ़ें... मुंबई-जयपुर फ्लाइट के लैंडिंग गियर में खराबी,फुल इमरजेंसी लैंडिंग:हाइड्रोलिक सिस्टम में लीकेज होने लगा, 189 यात्री सवार थे जयपुर एयरपोर्ट पर मंगलवार को मुंबई से जयपुर आ रही स्पाइसजेट एयरलाइंस की फ्लाइट SG - 649 की इमरजेंसी लैंडिंग हुई। फ्लाइट के लैंडिंग गियर के हाइड्रोलिक सिस्टम में तकनीकी खराबी आ गई थी। (पूरी खबर पढ़ें)