हेलमेट के बिना दुपहिया वाहन चलाने वालों से पकड़वाए कान:ट्रैफिक पुलिस ने नियम तोड़ने वालों का काटा चालान, गुलाब का फूल दिया
अलवर शहर के अग्रसेन चौराहे पर ट्रैफिक पुलिस ने गुरुवार को अनोखे अंदाज में यातायात नियमों के प्रति जागरूकता अभियान चलाया। इस दौरान दुपहिया और चौपहिया वाहनों को रोककर चालकों को समझाइश कर गुलाब के फूल दिए गए। वहीं नियम तोड़ने वालों का चालान काटकर कान पकड़वाए गए। ट्रैफिक पुलिस ने अग्रसेन चौराहे पर बिना हेलमेट के बाइक चला रहे कर्मवीर को रोका। पूछताछ के दौरान सब इंस्पेक्टर संजय शर्मा ने उसे हेलमेट न पहनने से होने वाले संभावित हादसे और उसके परिवार पर पड़ने वाले प्रभाव के बारे में समझाया। उन्होंने कहा कि अगर दुर्घटना में जान चली जाती तो बच्चों की शादी कौन करता। इसके बाद कर्मवीर ने कान पकड़कर माफी मांगी और भविष्य में हेलमेट पहनकर ही बाइक चलाने का वादा किया। पुलिस ने उसे गुलाब का फूल देकर रवाना किया। इसके बाद बिना हेलमेट एक मोपेड पर सवार तीन छात्रों को रोका गया। तीन सवारी और हेलमेट न पहनने पर उनका चालान किया गया, साथ ही गुलाब देकर नियमों की जानकारी दी गई। एक मेडिकलकर्मी को भी स्कूटी पर परिवार के साथ जाते समय रोका गया, समझाइश कर फूल देकर छोड़ दिया गया। कुछ देर बाद स्थानीय लोगों ने भी ट्रैफिक सब इंस्पेक्टर को गुलाब भेंट कर इस पहल की सराहना की। ट्रैफिक सब इंस्पेक्टर संजय शर्मा ने बताया कि फिलहाल नियम तोड़ने वालों को गुलाब, माला और चॉकलेट देकर समझाया जा रहा है, लेकिन यदि लोग नहीं मानेंगे तो आगे सख्त कार्रवाई की जाएगी।
अलवर शहर के अग्रसेन चौराहे पर ट्रैफिक पुलिस ने गुरुवार को अनोखे अंदाज़ में यातायात नियमों के प्रति जागरूकता अभियान चलाया। इस दौरान दुपहिया और चौपहिया वाहनों को रोककर चालकों को समझाइश की गई, गुलाब के फूल दिए गए और नियम तोड़ने वालों से प्रतीकात्मक रूप से कान भी पकड़वाए गए। साथ ही नियम उल्लंघन पर चालान भी काटे गए। ट्रैफिक पुलिस ने बिना हेलमेट बाइक चला रहे कर्मवीर को रोका। पूछताछ के दौरान सब इंस्पेक्टर संजय शर्मा ने उसे हेलमेट न पहनने से होने वाले संभावित हादसे और उसके परिवार पर पड़ने वाले प्रभाव के बारे में समझाया। उन्होंने कहा कि अगर दुर्घटना में जान चली जाती तो बच्चों की शादी कौन करता। इसके बाद कर्मवीर ने कान पकड़कर माफी मांगी और भविष्य में हेलमेट पहनने का वादा किया। पुलिस ने उसे गुलाब का फूल देकर रवाना किया। इसके बाद बिना हेलमेट एक मोपेड पर सवार तीन छात्रों को रोका गया। तीन सवारी और हेलमेट न पहनने पर उनका चालान किया गया, साथ ही गुलाब देकर नियमों की जानकारी दी गई। वहीं एक मेडिकल कर्मी को भी स्कूटी पर परिवार के साथ जाते समय रोका गया, समझाइश कर फूल देकर छोड़ दिया गया। कुछ देर बाद स्थानीय लोगों ने भी ट्रैफिक सब इंस्पेक्टर को गुलाब भेंट कर इस पहल की सराहना की।