भीलवाड़ा में अखंड सवा लाख हनुमान चालीसा पाठ कल से:101 पंडित अलग-अलग पारियों में करेंगे वाचन,16 को पूर्णाहुति
भीलवाड़ा में 3 जनवरी से 16 जनवरी तक बालाजी मार्केट स्थित बालाजी मंदिर में 14 दिवसीय सवा लाख अखंड हनुमान चालीसा पाठ होगा। पुजारी पंडित आशुतोष शर्मा के सानिध्य में कार्यक्रम होगा। भीलवाड़ा और चित्तौड़गढ़ जिलों के 101 पंडित अलग-अलग पारियों में अखंड सवा लाख हनुमान चालीसा पाठ करेंगे। साथ ही बजरंग मंदिर ट्रस्ट के सदस्य, बालाजी के भक्त व मंदिर से जुड़े श्रद्धालु सुंदरकांड पाठ की प्रस्तुति देंगे। 16 जनवरी को होगी पूर्णाहुति मंदिर के पुजारी आशुतोष शर्मा ने बताया- शहर की विभिन्न मंडलियां भजन प्रस्तुत करेंगी। आखिरी दिन 16 जनवरी को पाठ की पूर्णाहुति पर एक कुंडीय हवन होगा। सर्वमंगल कामना के लिए भक्तजन आहुतियां देंगे। उसके बाद हनुमान चालीसा के पाठ करने वाले 101 पंडितों की विदाई के साथ ही उपस्थित भक्तों को प्रसाद वितरित किया जाएगा। दो पारियों में होने वाले पाठ के तहत हर पारी में 80-80 पंडित पाठ करेंगे। रामलला की नूतन मूर्ति स्थापन से हुई शुरुआत पुजारी आशुतोष शर्मा ने बताया- अयोध्या में श्रीराम जन्मभूमि पर रामलला की नूतन मूर्ति स्थापन की मंगल कामना को लेकर भक्ति की जो लौ पिछले साल जली, वह इस साल और अधिक भव्यता से प्रज्ज्वलित होने जा रही है। गत साल यह अनुष्ठान19 दिवसीय था, लेकिन इस बार इसे 14 दिनों की अवधि में किया जाएगा।इसका शुभारंभ पौष शुक्ल पूर्णिमा, शनिवार 3 जनवरी को शुभ मुहूर्त में होगा। दो पारियों में होगा आयोजन आयोजन की कमान पंडित आशुतोष शर्मा की अध्यक्षता और आचार्य सच्चिदानंद झा के आचार्यत्व में रहेगी। सबसे पहले गणेश अंबिका पूजन कर मंदिर की सभी देव प्रतिमाओं का अभिषेक-पूजन होगा। उसके बाद पंडितों का वरण कर अनुष्ठान का विधिवत श्रीगणेश किया जाएगा। इस महायज्ञ में पंडित रोज दो पारियों में सुबह 9 से 1 और दोपहर 2 से शाम 6 बजे तक सस्वर पाठ करेंगे।
सर्वमंगल कामना व हनुमत कृपा प्राप्ति को लेकर नववर्ष पर आगामी 3 जनवरी से 16 जनवरी तक बालाजी मार्केट स्थित बालाजी मंदिर में 14 दिसवसीय भक्ति का महासंगम होगा। इसके तहत मंदिर के पुजारी पंडित आशुतोष शर्मा के सानिध्य में भीलवाड़ा और चित्तौड़गढ़ जिलों के 101 पंडित अलग-अलग पारियों में अखंड सवा लाख हनुमान चालीसा पाठ करेंगेसाथ ही बजरंग मंदिर ट्रस्ट के सदस्य, बालाजी के भक्त व मंदिर से जुड़े श्रद्धालु भी सगीतमय सुंदरकांड पाठ की प्रस्तुति देंगे। 16 जनवरी को होगी पूर्णाहुति शहर की विभिन्न मंडलियां भी भजन प्रस्तुत करेगी। आखिरी दिन 16 जनवरी को पाठ की पूर्णाहुति पर एक कुंडीय हवन होगा। सर्वमंगल कामना के लिए भक्तजन आहुतियां देंगे। उसके बाद हनुमान चालीसा के पाठ करने वाले 101 पंडितों की विदाई के साथ ही उपस्थित भक्तों को प्रसाद वितरित किया जाएगा। दो पारियों में होने वाले पाठ के तहत हर पारी में 80-80 पंडित पाठ करेंगे। रामलला की नूतन मूर्ति स्थापन से हुई शुरुआत अयोध्या में श्रीराम जन्मभूमि पर रामलला की नूतन मूर्ति स्थापन की मंगल कामना को लेकर भक्ति की जो लौ पिछले साल जली, वह इस साल और अधिक भव्यता से प्रज्वलित होने जा रही है। गत साल यह अनुष्ठान19 दिवसीय था, लेकिन इस बार इसे 14 दिनों की अवधि में किया जाएगा।इसका शुभारंभ पौष शुक्ल पूर्णिमा, शनिवार 3 जनवरी को शुभ मुहूर्त में होगा। दो पारियों में होगा आयोजन आयोजन की कमान पंडित आशुतोष शर्मा की अध्यक्षता और आचार्य सच्चिदानंद झा के आचार्यत्व में रहेगी। सबसे पहले गणेश अंबिका पूजन कर मंदिर की सभी देव प्रतिमाओं का अभिषेक-पूजन होगा। उसके बाद पंडितों का वरण कर अनुष्ठान का विधिवत श्रीगणेश किया जाएगा। इस महायज्ञ में पंडित रोज दो पारियों में सुबह 9 से 1 और दोपहर 2 से शाम 6 बजे तक सस्वर पाठ करेंगे।