भीलवाड़ा नाट्य महोत्सव में होगा 'डाकघर' का मंचन:टोंक की कम्युनिटी थिएटर सोसाइटी के सदस्य उत्साहित; 11 जनवरी को प्रस्तुति
टोंक की कम्युनिटी थिएटर सोसाइटी का नाटक डाकघर भीलवाड़ा नाट्य महोत्सव-2026 के लिए चयनित हुआ है। इसका मंचन 11 जनवरी को होगा। यह जिले के कलाकारों के लिए बड़ी उपलब्धि है। कला एवं संस्कृति विभाग राजस्थान और नगर निगम भीलवाड़ा के संयुक्त तत्वावधान में रसधारा सांस्कृतिक संस्थान की ओर से आयोजित “भीलवाड़ा नाट्य महोत्सव 2026” में 11 जनवरी को डाकघर का मंचन होगा। रसधारा नाट्य महोत्सव राजस्थान के प्रमुख नाट्य महोत्सवों में से एक हैं। बीमार बच्चे की खिड़की कम्युनिटी थिएटर टोंक के संचालक मोहित वैष्णव ने बताया- भारतीय रंगमंच के इतिहास में मील का पत्थर माने जाने वाला यह नाटक आज भी अपनी गहन मानवीय संवेदनाओं, जीवन-दर्शन और प्रतीकात्मक प्रस्तुति के कारण दर्शकों को गहराई से प्रभावित करता है। डाकघर की कथा अमल नाम के एक बीमार बच्चे के इर्द-गिर्द घूमती है, जो अपनी खिड़की से बाहर की दुनिया को देखता है और कल्पनाओं में जीवन की नई संभावनाएं रचता है। अमल की मासूम जिज्ञासा, स्वतंत्रता की आकांक्षा और राजा के संदेश की प्रतीक्षा यह संदेश देती है कि जीवन केवल सीमाओं में बंधा नहीं, बल्कि आशा, विश्वास और मुक्ति की अनंत यात्रा है। नाटक में अमल की भूमिका में आशीष चावला नजर आएंगे। अन्य प्रमुख भूमिकाओं में माधवदत्त मणिकांत लक्ष्कार, वैद्य रामरतन गुगलिया, राजवैद्य शादाब, चौधरी एवं कोरस में आफताब नूर, दादाजी एवं कोरस में शुभम मेघवंशी एवं करन कुमार, सुधा एवं कोरस में राजवंती तामोली, दही वाला एवं कोरस में अदनान तथा चौकीदार एवं कोरस के किरदार में मोहित वैष्णव मंच पर दिखाई देंगे। नाट्य प्रस्तुति का निर्माण कम्युनिटी थिएटर टोंक समूह के साथी चितरंजन नामा द्वारा किया गया है, जबकि प्रस्तुति को वरिष्ठ रंगकर्मी राजकुमार रजक का मार्गदर्शन प्राप्त हुआ है। भीलवाड़ा नाट्य महोत्सव में मंचन से पूर्व यह नाटक 9 जनवरी को शाम 6 बजे एक्सपेरिमेंटल स्टूडियो, कृषि मंडी के सामने स्थानीय दर्शकों के लिए भी प्रस्तुत किया जाएगा। नए साल में कम्युनिटी थिएटर टोंक समूह की यह उपलब्धि न केवल समूह के लिए, बल्कि पूरे शहर और रंगमंच जगत के लिए गर्व और उत्साह की बात है।
