मेहंदीपुर बालाजी को चढ़ाया 1102 किलो महाप्रसाद:बारिश-कड़ाके की ठंड में भी डटे रहे श्रद्धालु; आरती के लाइव दर्शन भी किए प्रसारित
दौसा जिले के सिद्धपीठ घाटा मेहंदीपुर बालाजी धाम में नए साल के पहले दिन देश के विभिन्न राज्यों से बड़ी संख्या में दर्शनार्थी मंदिर पहुंचे। महंत नरेशपुरी महाराज ने स्वयंभू बालाजी दरबार की महाआरती की। स्तुति वंदन के बाद भगवान को 551 किलो चूरमा और 551 किलो छप्पनभोग अर्पित किया गया। हालात यह रहे कि मंदिर परिसर में पैर रखने तक की जगह नहीं बची। सुबह आरती के समय मंदिर के सामने की सड़क पर करीब 300 मीटर तक श्रद्धालुओं की भीड़ जमा रही। बारिश और कड़ाके की ठंड के बावजूद श्रद्धालु मंदिर के सामने डटे रहे और दर्शन के लिए कतारें लगातार बनी रहीं। मंदिर के दोनों ओर लंबी कतारों में श्रद्धालु जयकारे लगाते हुए अपनी बारी का इंतजार करते नजर आए। आरती के लाइव दर्शन के लिए एलईडी स्क्रीन पर प्रसारण की व्यवस्था भी की गई थी। सबसे पहले करें श्रीबालाजी महाराज के दर्शन: पंचामृत अभिषेक और बालरूप झांकी के दर्शन इस अवसर पर मंदिर ट्रस्ट की ओर से विशेष व्यवस्था की गई। महंत डॉ. नरेशपुरी महाराज के सान्निध्य में पंडितों ने श्रीबालाजी महाराज का पंचामृत अभिषेक किया। इसके बाद सोने के चोले से बालरूप झांकी सजाई गई। छप्पनभोग अर्पित किया गया और फूल बंगला झांकी व थ्रीडी लाइट्स से मंदिर को सजाया गया, जिसे देखकर श्रद्धालु भावविभोर होते रहे। 551 किलो चूरमा और 551 किलो छप्पनभोग चढ़ाया महंत नरेशपुरी महाराज ने स्वयंभू बालाजी दरबार की महाआरती की और श्रद्धालुओं पर पवित्र जल के छींटे दिए। स्तुति वंदन के बाद भगवान को 551 किलो चूरमा और 551 किलो छप्पनभोग अर्पित किया गया। उन्होंने श्रद्धालुओं को नववर्ष की बधाई दी। आरती के लाइव दर्शन के लिए एलईडी स्क्रीन पर प्रसारण की व्यवस्था भी की गई थी। बारिश और ठंड में भी नहीं टूटी कतार सुबह आरती के समय मंदिर के सामने की सड़क पर करीब 300 मीटर तक श्रद्धालुओं की भीड़ जमा रही। इसी दौरान रिमझिम बारिश शुरू हो गई। कड़ाके की ठंड और बारिश के बावजूद श्रद्धालु मंदिर के सामने डटे रहे और दर्शन के लिए कतारें लगातार बनी रहीं। देखें नए साल पर मेहंदीपुर बालाजी के अन्य दृश्य: