हीरावाला इंडस्ट्रियल एरिया में फूड सेफ्टी टीम की बड़ी कार्रवाई:कानोता में फैक्ट्री पर छापा; 15 हजार किलो दाल जब्त, 521 कट्टों पर नहीं थी मैन्युफैक्चरिंग/एक्सपायरी डेट
‘शुद्ध आहार–मिलावट पर वार’ अभियान के तहत खाद्य सुरक्षा विभाग ने बुधवार को कानोता इलाके में कार्रवाई की। हीरावाला इंडस्ट्रियल एरिया स्थित एक दाल फैक्ट्री पर छापेमारी कर टीम ने 15 हजार 630 किलो (15.6 टन) दाल मौके पर ही सीज की। खाद्य सुरक्षा आयुक्त डॉ. टी. शुभमंगला के निर्देश पर और सीएमएचओ जयपुर द्वितीय डॉ. मनीष मित्तल के नेतृत्व में गठित टीम ने मैसर्स के.एम. इंडस्ट्रीज पर औचक निरीक्षण किया तो पाया कि गोदाम में सैकड़ों कट्टों में भरी हरी मूंग दाल और मूंग मोगर रखी थी। जांच में आया कि 30 किलो वजन के 521 सील्ड कट्टों पर न मैन्युफैक्चरिंग डेट थी, ना पैकिंग या एक्सपायरी डेट। न बैच नंबर और ना ही कंपनी का पूरा नाम-पता। खाद्य सुरक्षा नियमों के उल्लंघन और गुणवत्ता संदिग्ध होने पर टीम ने 15,630 किलो दाल सीज कर दी। टीम ने नमूने लैब में भेज दिए हैं। जांच रिपोर्ट आने के बाद यह तय होगा कि दाल उपभोग योग्य है या नहीं। रिपोर्ट के आधार पर फैक्ट्री संचालक पर भारी जुर्माना, लाइसेंस निरस्तीकरण और कानूनी कार्रवाई संभव है। फैक्ट्री मालिक को चेतावनी मौके पर मौजूद फैक्ट्री मालिक को चेतावनी दी गई कि बिना सभी अनिवार्य जानकारियों और गुणवत्ता मानकों के किसी भी खाद्य सामग्री का भंडारण या विक्रय नहीं किया जाए। साथ ही आगामी आदेशों तक इस दाल की सप्लाई पर रोक लगाई गई है। कार्रवाई में खाद्य सुरक्षा अधिकारी सुशील चोटवानी, विनोद थारवान और राजेश नागर शामिल रहे। खाद्य सामग्री घटिया गुणवत्ता की हो, फंगस लगी हो, केमिकल से प्रोसेस की गई हो तो इससे आमजन में फूड प्वाइजनिंग, पेट में संक्रमण, लीवर डिसऑर्डर, एलर्जी, स्किन डिजीज, बच्चों में कुपोषण और कमजोर इम्युनिटी जैसी गंभीर स्वास्थ्य समस्याएं हो सकती हैं। - डॉ. मनीष मित्तल (सीएमएचओ, जयपुर द्वितीय)
‘शुद्ध आहार–मिलावट पर वार’ अभियान के तहत खाद्य सुरक्षा विभाग ने बुधवार को कानोता इलाके में कार्रवाई की। हीरावाला इंडस्ट्रियल एरिया स्थित एक दाल फैक्ट्री पर छापेमारी कर टीम ने 15 हजार 630 किलो (15.6 टन) दाल मौके पर ही सीज की। खाद्य सुरक्षा आयुक्त डॉ.
