नागौर में परिसीमन पूरा, अब वार्डों की संख्या घटकर 37:डीडवाना–कुचामन अलग होने के बाद नया ढांचा तय, चुनाव अब नए वार्डों में होंगे
नागौर जिले से डीडवाना–कुचामन जिला अलग होने के बाद स्थानीय निकायों के परिसीमन की प्रक्रिया पूरी कर ली गई है। जिला परिषद, पंचायत समितियों और ग्राम पंचायतों के वार्डों के पुनर्गठन का प्रारूप बुधवार को आधिकारिक रूप से प्रकाशित कर दिया गया।नए परिसीमन के तहत अब नागौर जिला परिषद में वार्डों की संख्या 47 से घटकर 37 रह गई है। आगामी पंचायत चुनाव इन्हीं 37 वार्डों के आधार पर कराए जाएंगे। डीडवाना–कुचामन में बने 35 नए वार्ड इसी परिसीमन प्रक्रिया के तहत नवगठित डीडवाना–कुचामन जिला परिषद के लिए 35 वार्ड तय किए गए हैं। ये वार्ड नए जनसंख्या फार्मूले के अनुसार बनाए गए हैं, ताकि प्रतिनिधित्व संतुलित रखा जा सके। जनसंख्या के नए मापदंड पर तय हुए वार्ड जिला कलेक्टर अरुण कुमार पुरोहित द्वारा जारी सूचना के अनुसार, वार्डों का निर्धारण जनसंख्या के नए मापदंडों के आधार पर किया गया है। प्रशासन का कहना है कि परिसीमन में जनसंख्या का समान और संतुलित अनुपात बनाए रखने का प्रयास किया गया है। 12 पंचायत समितियों में पूरा हुआ सीमांकन नागौर जिले की सभी 12 पंचायत समितियों में वार्डों के पुनर्गठन और सीमांकन का काम पूरा कर लिया गया है। इनमें हाल ही में गठित 4 नई पंचायत समितियां डेह, मेड़ता रोड–गोटन, पांचौड़ी, श्रीबालाजी (अलाय)भी शामिल हैं। 6 जनवरी तक दर्ज करा सकेंगे आपत्तियां प्रारूप के प्रकाशन के साथ ही प्रशासन ने आमजन से आपत्तियां आमंत्रित की हैं। यदि किसी नागरिक को वार्डों के निर्धारण या सीमांकन पर आपत्ति है, तो वे 6 जनवरी तक जिला कलेक्टर कार्यालय या संबंधित उपखंड कार्यालय में अपनी आपत्ति दर्ज करा सकते हैं।निर्धारित अवधि के बाद आपत्तियों के निस्तारण के पश्चात अंतिम परिसीमन सूची जारी की जाएगी।
नागौर जिले में डीडवाना-कुचामन के अलग होने के बाद स्थानीय निकायों के परिसीमन की प्रक्रिया पूरी हो गई है। जिला परिषद, पंचायत समितियों और ग्राम पंचायतों के वार्डों के पुनर्गठन का प्रारूप बुधवार को आधिकारिक रूप से प्रकाशित कर दिया गया। नए समीकरणों के तहत अब नागौर जिला परिषद में वार्डों की संख्या 47 से घटकर 37 रह गई है। आगामी चुनावों में अब इन्हीं 37 सदस्यों के चयन के लिए मतदान होगा। वहीं डीडवाना कुचामन जिला परिषद में जिला परिषद के लिए 35 वॉर्ड नये फार्मूले के आधार पर बने हैं। जनसंख्या के नए फॉर्मूले से हुआ वार्डों का गठन जिला कलेक्टर अरुण कुमार पुरोहित द्वारा जारी सूचना के अनुसार, वार्डों का निर्धारण जनसंख्या के नए मापदंडों के आधार पर किया गया है। जिला परिषद के लिए 4 लाख की जनसंख्या पर 17 वार्ड तय किए गए हैं, जबकि इससे अधिक जनसंख्या होने पर प्रत्येक एक लाख या उसके भाग पर 2 अतिरिक्त वार्ड बढ़ाए गए हैं। इसी प्रकार, पंचायत समिति स्तर पर 3000 की आबादी पर 7 वार्ड और उससे अधिक प्रति हजार की आबादी पर 2 वार्ड जोड़े गए हैं। प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि पुनर्गठन में जनसंख्या का समान अनुपात बनाए रखने का पूरा प्रयास किया गया है। 6 जनवरी तक दर्ज करा सकेंगे आपत्तियां जिले की 12 पंचायत समितियों में वार्डों के पुनर्गठन और सीमांकन का कार्य पूरा हो चुका है। इनमें 4 नई गठित पंचायत समितियां—डेह, मेड़ता रोड-गोटन, पांचौड़ी व श्रीबालाजी (अलाय) भी शामिल हैं। प्रारूप प्रकाशन के साथ ही अब आमजन से आपत्तियां मांगी गई हैं। यदि किसी नागरिक को वार्डों के निर्धारण या सीमांकन पर कोई आपत्ति है, तो वे 6 जनवरी तक जिला कलेक्टर कार्यालय या संबंधित उपखंड कार्यालय में अपनी शिकायत दर्ज करा सकते हैं।