पश्चिमी विक्षोभ कमजोर रहे:इस सर्दी दिन भी ठंडे; जनवरी में न्यूनतम तापमान 40 से नीचे नहीं गया, दिन का 12 डिग्री तक आया
इस बार विंटर सीजन में अब तक रात के साथ ही दिन भी खूब ठंडे रहे। दिसंबर में न्यूनतम तापमान 9 डिग्री और जनवरी में अभी तक रात का पारा 4.4 डिग्री से नीचे नहीं आया है। जबकि बीते दस सालों में दिसंबर में ही चार बार 3 डिग्री और जनवरी में 3 बार 4 डिग्री से नीचे पहुंचा था। दिसंबर के आखिर में एक सक्रिय पश्चिमी विक्षोभ के बाद मौसम बदला और जनवरी में घने कोहरे के साथ दिन का पारा 12 डिग्री तक गिर गया।सामान्य से नीचे रहने के कारण कोल्ड-डे की स्थिति रही। वहीं रात का पारा केवल एक बार 9 जनवरी को 5 डिग्री से नीचे रिकॉर्ड हुआ। अब फिर से रात का पारा 9 डिग्री सेल्सियस पहुंच गया। फिलहाल दिन-रात का पारा सामान्य से ऊपर चला गया है, लेकिन हवा में नमी के चलते दिन में ठिठुरन का अहसास हो रहा है। दिन का पारा सामान्य से 6 डिग्री नीचे गया इस बार जनवरी की शुरुआत में पश्चिमी विक्षोभ के असर से बूंदाबांदी होने के बाद पहले हफ्ते घना कोहरा रहा। हाल में एक कमजोर पश्चिमी विक्षोभ सक्रिय होने के बाद ठंड बढ़ी, लेकिन दिसंबर में ज्यादा सक्रिय विक्षोभ सिस्टम नहीं बनने से पारा 9 डिग्री से कम नहीं आया। जनवरी में कोहरे से दिन का पारा सामान्य से 6 डिग्री नीचे रहने के कारण दिन में कोल्ड-डे की स्थिति रही। दिन में सर्दी क्यों ज्यादा रही मौसम केंद्र जयपुर के निदेशक राधेश्याम शर्मा ने बताया कि दिन में कोहरा होने से नमी रहती है और धूप नहीं निकलने से तापमान बढ़ने के बजाय लुढ़कता है। ऐसे में गलन के साथ ठिठुरन बढ़ी। इसे कोल्ड-डे की स्थिति कहते हैं। वहीं कुछ शहरों में रात का पारा बढ़ा है। इसके पीछे कारण यह है कि रात में कोहरा लो-क्लाउड के समान होता है। आगे क्या मौसम विभाग के अनुसार मौसम शुष्क रहने के साथ ही उत्तरी इलाकों से ठंडी हवाएं मैदानी इलाकों की ओर चलनी लगी हैं। मौसम विभाग के अनुसार अगले दो-तीन दिन शीतलहर चलने के साथ तापमान में गिरावट होगी और सर्दी का अहसास बढ़ेगा।
नदी सा बहता कोहरा: आमेर के जयगढ़-नाहरगढ़ की पहाड़ियों में कोहरा नदी की तरह बहता नजर आया। फोटो: महेंद्र शर्मा