एनएच 48 पर गीली लकड़ी से भरे 3 ट्रक जब्त:हरे पेड़ों की तस्करी कर गुजरात ले जा रहे थे तस्कर, बिछीवाड़ा पुलिस की कार्रवाई
डूंगरपुर की बिछीवाड़ा थाना पुलिस ने राष्ट्रीय राजमार्ग 48 पर गीली लकड़ी से भरे तीन ट्रक जब्त किए हैं। इन ट्रकों में हरे पेड़ों को काटकर भरी गई गीली लकड़ी मिली, जिसे गुजरात ले जाया जा रहा था। पुलिस ने तीनों ट्रक चालकों को हिरासत में ले लिया है। बिछीवाड़ा थानाधिकारी कैलाश सोनी ने बताया कि 'ऑपरेशन पृथ्वी' के तहत हरे पेड़ों की कटाई, तस्करी और अवैध खनन के खिलाफ अभियान चलाया जा रहा है। इसी अभियान के तहत पुलिस को सूचना मिली थी कि नेशनल हाईवे के रास्ते अवैध गीली लकड़ी की तस्करी की जा रही है। सूचना के आधार पर पुलिस टीमों ने बिछीवाड़ा में हाईवे पर नाकेबंदी की। इस दौरान तीन संदिग्ध ट्रक आते हुए दिखाई दिए। पुलिस ने ट्रकों को रुकवाकर चालकों से पूछताछ की, लेकिन वे कोई संतोषजनक जवाब नहीं दे पाए। इसके बाद पुलिस ने तीनों ट्रकों से तिरपाल हटाकर जांच की। ट्रकों में विभिन्न किस्मों के हरे पेड़ों की गीली लकड़ी भरी हुई थी। चालकों के पास लकड़ी के परिवहन से संबंधित कोई वैध दस्तावेज भी नहीं मिले। पुलिस ने इस कार्रवाई की सूचना वन विभाग को दे दी है। वन विभाग अब यह जांच करेगा कि हरे पेड़ों की कटाई किन स्थानों से की गई थी और इस तस्करी में कौन-कौन शामिल हैं। विभाग द्वारा इस मामले में जुर्माना लगाने के साथ-साथ कानूनी कार्रवाई भी की जाएगी।
डूंगरपुर की बिछीवाड़ा थाना पुलिस ने राष्ट्रीय राजमार्ग 48 पर गीली लकड़ी से भरे तीन ट्रक जब्त किए हैं। इन ट्रकों में हरे पेड़ों को काटकर भरी गई गीली लकड़ी मिली, जिसे गुजरात ले जाया जा रहा था। पुलिस ने तीनों ट्रक चालकों को हिरासत में ले लिया है।
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बिछीवाड़ा थानाधिकारी कैलाश सोनी ने बताया कि 'ऑपरेशन पृथ्वी' के तहत हरे पेड़ों की कटाई, तस्करी और अवैध खनन के खिलाफ अभियान चलाया जा रहा है। इसी अभियान के तहत पुलिस को सूचना मिली थी कि नेशनल हाईवे के रास्ते अवैध गीली लकड़ी की तस्करी की जा रही है।
सूचना के आधार पर पुलिस टीमों ने बिछीवाड़ा में हाईवे पर नाकेबंदी की। इस दौरान तीन संदिग्ध ट्रक आते हुए दिखाई दिए। पुलिस ने ट्रकों को रुकवाकर चालकों से पूछताछ की, लेकिन वे कोई संतोषजनक जवाब नहीं दे पाए।
इसके बाद पुलिस ने तीनों ट्रकों से तिरपाल हटाकर जांच की। ट्रकों में विभिन्न किस्मों के हरे पेड़ों की गीली लकड़ी भरी हुई थी। चालकों के पास लकड़ी के परिवहन से संबंधित कोई वैध दस्तावेज भी नहीं मिले।
पुलिस ने इस कार्रवाई की सूचना वन विभाग को दे दी है। वन विभाग अब यह जांच करेगा कि हरे पेड़ों की कटाई किन स्थानों से की गई थी और इस तस्करी में कौन-कौन शामिल हैं। विभाग द्वारा इस मामले में जुर्माना लगाने के साथ-साथ कानूनी कार्रवाई भी की जाएगी।