नागौर-डीडवाना में 5 डिग्री पहुंचा पारा, बढ़ी ठंड:अगले 48 घंटे रहेगी बादलों की आवाजाही, कल से मिल सकती है राहत
डीडवाना और नागौर में नए साल की शुरुआत के साथ मौसम ने करवट ली है। कोहरे और ठंडी हवाओं के कारण पूरे इलाके में कड़ाके की ठंड महसूस की जा रही है। मौसम के इस बदले मिजाज से लोगों की दिनचर्या प्रभावित हुई है और सर्दी से बचाव के लिए लोग अतिरिक्त उपाय करते नजर आ रहे हैं। शीतलहर से सड़कें सूनी, अलाव और चाय दुकानों पर भीड़ डीडवाना-कुचामन जिले में देर शाम से चली शीतलहर ने लोगों को घरों में रहने पर मजबूर कर दिया। शाम होते ही बाजारों और मुख्य सड़कों पर सन्नाटा पसर गया। सुबह भी बादलों की मौजूदगी के कारण सर्दी का असर बना रहा। काम पर निकलने वाले लोग गर्म कपड़ों में लिपटे नजर आए। ग्रामीण क्षेत्रों से लेकर शहरों तक लोग अलाव जलाकर ठंड से राहत पाने की कोशिश करते दिखे। कोहरा बहुत घना नहीं होने से यातायात सामान्य रहा, लेकिन धूप नहीं निकलने से ठंड का असर बढ़ा रहा। रियां बड़ी में कोहरे का असर, तापमान 5 डिग्री तक गिरा नागौर जिले के रियां बड़ी क्षेत्र में सुबह के समय कोहरे का असर अधिक देखा गया। इससे जनजीवन प्रभावित रहा। मौसम विभाग के आंकड़ों के अनुसार नागौर और डीडवाना दोनों मुख्यालयों पर न्यूनतम तापमान 5 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया, जबकि अधिकतम तापमान 23 डिग्री सेल्सियस रहा। नागौर में भी शाम से बादल छाए रहने के कारण न्यूनतम तापमान में गिरावट दर्ज की गई है। ठंडी हवाओं और बादलों की वजह से सुबह की गतिविधियां देर से शुरू हुईं और व्यापार पर भी असर पड़ा। अगले 48 घंटे अहम, तापमान बढ़ने की संभावना मौसम विभाग के अनुसार आगामी 48 घंटों तक बादलों की आवाजाही बनी रहेगी और कुछ इलाकों में मध्यम से घना कोहरा छा सकता है। हालांकि राहत की बात यह है कि आने वाले समय में न्यूनतम तापमान में करीब 7 डिग्री तक बढ़ोतरी की संभावना जताई गई है। यदि पारा 13 डिग्री तक पहुंचता है तो लोगों को कड़ाके की सर्दी से कुछ राहत मिल सकती है। फिलहाल ठंड को देखते हुए सतर्कता बरतने की सलाह दी गई है।
नए साल के आगमन के साथ ही मारवाड़ के मौसम ने करवट बदल ली है, जिससे समूचे क्षेत्र में कड़ाके की ठंड का अहसास होने लगा है। बीते दो दिनों से डीडवाना और नागौर के आसमान में घने बादलों ने डेरा डाल रखा है, वहीं कोहरे की चादर ने जनजीवन की रफ्तार पर ब्रेक लगा दिया है। मौसम के बदले मिजाज के कारण लोगों की दिनचर्या पूरी तरह प्रभावित हुई है और कड़ाके की सर्दी से बचने के लिए लोग जतन करते नजर आ रहे हैं। शीतलहर ने बढ़ाई कंपकंपी और बदला सड़कों का नजारा डीडवाना-कुचामन जिले में कल देर शाम से चली बर्फीली शीतलहर ने लोगों को घरों में दुबकने पर मजबूर कर दिया। शाम ढलते ही बाजारों और मुख्य सड़कों पर सन्नाटा पसर गया। बादलों की मौजूदगी के कारण सुबह भी सर्दी का तीखा असर बरकरार रहा। अलसुबह काम पर निकलने वाले लोग भारी गर्म कपड़ों में लिपटे नजर आए। सर्दी का आलम यह रहा कि चाय की दुकानों पर खासी भीड़ देखी गई और ग्रामीण इलाकों से लेकर शहरों तक लोग जगह-जगह अलाव जलाकर ठिठुरन कम करने का प्रयास करते दिखे। हालांकि, कोहरा बहुत घना नहीं होने से यातायात पर बड़ा प्रभाव नहीं पड़ा, लेकिन बादलों ने धूप को पूरी तरह बेअसर कर दिया। रियां बड़ी में कोहरे का असर और तापमान का गणित नागौर के रियां बड़ी क्षेत्र में घने कोहरे के कारण सुबह के समय जनजीवन बुरी तरह प्रभावित रहा। आधिकारिक आंकड़ों के मुताबिक, नागौर और डीडवाना दोनों मुख्यालयों पर न्यूनतम तापमान 5 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया, जबकि अधिकतम तापमान 23 डिग्री सेल्सियस पर बना हुआ है। नागौर के आसमान में भी कल शाम से बादल छाए हुए हैं, जिससे न्यूनतम तापमान में गिरावट दर्ज की गई है। बादलों की ओट और ठंडी हवाओं के कारण सुबह की शुरुआत देरी से हो रही है और व्यापारिक गतिविधियों पर भी इसका असर साफ दिखाई दे रहा है। अगले 48 घंटों का पूर्वानुमान और राहत की उम्मीद मौसम विभाग ने आगामी 48 घंटों के लिए चेतावनी जारी करते हुए बताया है कि क्षेत्र में बादलों की आवाजाही बनी रहेगी और कुछ स्थानों पर मध्यम से घना कोहरा छा सकता है। हालांकि, नागौर के बाशिंदों के लिए राहत की खबर यह है कि कल न्यूनतम तापमान में 7 डिग्री की बढ़त होने की संभावना है। यदि पारा 13 डिग्री तक पहुंचता है, तो आमजन को कड़ाके की सर्दी से थोड़ी निजात मिल सकती है। फिलहाल, मौसम विभाग ने लोगों को सावधानी बरतने और ठंड से बचाव के पुख्ता इंतजाम रखने की सलाह दी है।