DNA रिपोर्ट में खुलासा, नदी में मिली हड्डियां-खोपड़ी ललित की:पाली में 4 महीने पहले गणपति प्रतिमा विसर्जन के दौरान नदी में बह गया था
पाली की बांडी नदी में करीब डेढ़ महीने पहले मिली एक खोपड़ी और हड्डियों की डीएनए रिपोर्ट आई है। जोधपुर FSL लैब से आई रिपोर्ट में सामने आया है कि यह हडि्डयां ललित सैन की थी, जो 6 सितंबर को गणपति प्रतिमा विसर्जन के दौरान बांडी नदी की रपट पर बह गया था। पाली शहर के TP नगर थाने के SHO हनुवंत सिंह सिसोदिया ने बताया कि पाली शहर के इंद्रा कॉलोनी बांडी नदी की रपट पर 6 सितम्बर को गणपति प्रतिमा विसर्जन के दौरान इंद्रा कॉलोनी निवासी ललित सैन(26) और उसका दोस्त विजय सिंह(28) बह गए थे। दो दिन बाद विजय की बॉडी मिल गई थी, लेकिन SDRF सहित स्थानीय गोताखोरों के लाख प्रयास के बाद भी ललित सैन की बॉडी नहीं मिल पाई थी। 11 सितम्बर को नदी में मिली थी खोपड़ी-हड्डियां 11 सितम्बर को पाली शहर के बांडी नदी में एक खोपड़ी और कुछ हड्डियां मिली थी। पुलिस ने उसे बांगड़ हॉस्पिटल की मॉर्च्युरी में रखवाया। आशंका जताई थी कि यह खोपड़ी और हड्डियां नदी में बहे ललित सैन की हो सकती है। इस पर पुलिस ने 12 सितम्बर को ललित के पिता हरिराम सैन और मां का सैंपल लेकर DNA जांच के लिए जोधपुर लैब भेजा था। करीब डेढ़ महीने बाद रिपोर्ट आई है। इसमें सामने आया कि डीएनए सैंपल मैच हो गया है और नदी में जो हड्डियां और खोपड़ी मिली वह नदी में डूबे ललित सैन की ही है। मृतक से जुड़ी ये खबर भी पढ़ें- पाली में नदी में बहे दो युवक, तलाश जारी:गणपति विसर्जन के दौरान नदी की रपट से फिसले विसर्जन के दौरान नदी में डूबे युवक का शव मिला:दूसरे की तलाश जारी, रेस्क्यू के दौरान SDRF के जवान को सांप ने काटा भाई की सगाई के बाद खुशियों का माहौल था,अब मातम-छाया:8 दिन से रोज उसे ढूंढ रहा हूं, उसके जाने के बाद से मां-बाप भी बीमार हैं
पाली में करीब डेढ़ महीने पहले बांडी नदी में एक खोपड़ी और हड्डियां ललित सैन की निकली। इसका खुलासा करीब डेढ़ महीने बाद जोधपुर FSL लैब से आई रिपोर्ट से हुआ। पुलिस ने मृतक के परिजनों से संपर्क किया ताकि वे इन्हें लेकर जा सके।
पाली शहर के TP नगर थाने के SHO हनुवंत सिंह सिसोदिया ने बताया कि पाली शहर के इंद्रा कॉलोनी बांडी नदी की रपट पर 6 सितम्बर को गणपति प्रतिमा विसर्जन के दौरान इंद्रा कॉलोनी निवासी 26 साल का ललित सैन और उसका 28 साल का दोस्त विजय सिंह बह गए थे। दो दिन बाद विजय की बॉडी मिल गई थी लेकिन SDRF सहित स्थानीय गोताखोरों के लाख प्रयास के बाद भी ललित सैन की बॉडी नहीं मिल पाई थी। यह भी पढ़े - पाली में नदी में बहे दो युवक, तलाश जारी:गणपति विसर्जन के दौरान नदी की रपट से फिसले यह भी पढ़े - विसर्जन के दौरान नदी में डूबे युवक का शव मिला:दूसरे की तलाश जारी, रेस्क्यू के दौरान SDRF के जवान को सांप ने काटा यह भी पढ़े - भाई की सगाई के बाद खुशियों का माहौल था,अब मातम-छाया:8 दिन से रोज उसे ढूंढ रहा हूं, उसके जाने के बाद से मां-बाप भी बीमार हैं 11 सितम्बर को नदी में मिली थी खोपड़ी-हड्डियां 11 सितम्बर को पाली शहर के बांडी नदी में एक खोपड़ी और कुछ हड्डियां मिली थी। पुलिस ने उसे बांगड़ हॉस्पिटल की मोर्चरी में रखवाया। आशंका जताई जा रही थी कि यह खोपड़ी और हड्डियां नदी में बहे ललित सैन की हो सकती है। इस पर पुलिस ने 12 सितम्बर को पुलिस ने ललित के पिता हरिराम सैन और मां का सैंपल लेकर DNA जांच के लिए जोधपुर लैब भेजा था। करीब डेढ़ महीने बाद रिपोर्ट आई। जिसमें सामने आया कि डीएनए सैंपल मिल गया और नदी में जो हडि्डयां और खोपड़ी मिली वह नदी में डूबे ललित सैन की ही है।